@prakashraaj की कथनी और करनी तो एक है,नेताओं को इससे सीखना चाहिए।




कुछ मन्त्र बहुत भयंकर होते है. कहते है हनुमान चालीसा का पाठ करो तो भुत पिशाच भाग खड़े होते है. खैर, भूत पिशाच तो कभी देखे नहीं हैं लेकिन एक मन्त्र जरुर देखा है जो हैरान परेशान कर देता है, बैचेन कर देता है, मानसिक संतुलन बिगाड़ देता है. कहने का मतलब है खतरनाक मन्त्र है. यह मन्त्र है 'वन्दे-मातरम्'.
इस मन्त्र से अन्ग्रेज परेशान हो जाते थे. इतने बैचेन हो जाते थे कि लोगो को फांसी पर चढ़ा देते. आज भी जब इस मन्त्र का जाप JNU जैसी जगहों पर होता है तो लोग बैचेन होने लगते है. और साथ में तिरंगा हो तो मानसिक संतुलन ही बिगड़ जाता है. इसी मन्त्र का जाप अगर मुस्लिम मोहल्ले में कर दो तो लोग गोलियां तक चला देते है. कुल मिला कर असुरी ताकतों के विरुद्ध बहुत ही घातक मन्त्र है.
वन्दे-मातरम् !
Sanjay Bengani : 
प्रकाश राज जी ने दिखा दिया सिर्फ रील ही नहीं रियल लाइफ में भी वे हीरो हैं. JNU के AIDS पीड़ित इन छात्रों के साथ हाथ से हाथ मिलाकर समाज को बहुत अच्छा सन्देश दे रहे हैं. 😬😬😂😂😛


चलो कमसे कम इसकी कथनी और करनी तो एक है। बाकी नेताओंको और अभिनेताओ को इससे सीखना चाहिए।