सरकार कह दे मोदी मुस्लिमों के पीएम नहीं, हम नहीं लेंगे नामः फिरंगी महली l
दिनोदिन गर्माते तीन तलाक के मुद्दे पर केंद्रीय मंत्री वेंकैया नायडू के बयान कि पीएम मोदी का इस मामले में नाम न लें, के बाद सुन्नी धर्मगुरु मौलाना खालिद राशिद फिरंगी महली का जवाब आया है। उनका कहना है कि वो मना कर दें कि नरेंद्र मोदी मुसलमानों के प्रधानमंत्री नहीं हैं। अगर ऐसा है तो हम इस मामले में पीएम मोदी का नाम लेना बंद कर देंगे। फिरंगी का कहना है कि देश के संविधान ने हमें धर्म की आजादी दी है। उसमें किसी भी तरह की दखल अंदाजी न की जाए।
मालूम हो कि बीते कुछ समय से तीन तलाक को लेकर मुस्लिम संगठनों और सरकार के बीच तनातनी जारी है। कल ये तनातनी उस समय और बढ़ गई जब ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस कर मोदी सरकार पर ये आरोप मढ़ दिया कि वो जानबूझ कर अपने एजेंडे को आगे बढ़ाते हुए देश में यूनीफॉर्म सिविल कोड लागू करने की कोशिश कर रही है। वो इसका विरोध करेंगे। तीन तलाक पर उन्हें सरकारी रवैया बिलकुल स्वीकार नहीं है।
आईबीएनखबर से बातचीत करते हुए मौलाना ने कहा कि हमारा किसी से कोई विरोध नहीं है। हम सिर्फ इतना चाहते हैं कि जिस तीन तलाक के देश में एक फीसदी से भी कम मामले हैं, उसे तूल न दिया जाए। देश में उसे हौवा बनाकर न पेश किया जाए। एक महिला संगठन ने इस मामले में फर्जी आंकड़े पेश किए हैं, जिसे देश सच मान रहा है।......Tanmay Modh


मुसलमान नरेंद्र मोदी से घृणा क्यों करते हैं ?
क्या सचमुच मुसलमान नरेंद्र मोदी को नापसंद करते हैं ?
मुस्लिम किससे घृणा करते हैं, इसमें कुछ भी पर्सनल नहीं होता, टैक्टिकल होता है. जैसे फुटबॉल में कोई खिलाड़ी किसी को फाउल मारता है तो उसकी किसी से कोई दुश्मनी नहीं होती. जो उसकी गेंद छीन रहा होता है, उसे फाउल मारते हैं l
मुस्लिम आजादी से पहले गांधी से घृणा करते थे...मौलाना आज़ाद को कांग्रेस का कुत्ता कहते थे. जब गांधी ने विभाजन को मान लिया तब से उन्हें गांधी पर प्यार उमड़ आया l
मुस्लिम हमेशा से जनसंघ/बीजेपी से घृणा करते आये हैं. पर 90 के दशक में वे अटल जी के मुकाबले आडवाणी से ज्यादा घृणा करते थे. पर वोट अटलजी को फिर भी नहीं दिया lजब उनकी घृणा पर्सनल नहीं है, टैक्टिकल है. जो उनकी बॉल छीनेगा, उन्हें गोल करने से रोकेगा, उसे ये फाउल मारेंगे l
इसके लिए समझना होगा कि इनका गोल है क्या? इनका गोल है भारत पर इस्लामिक शासन...इस्लाम के साम्राज्य का विस्तार. इस्लाम में व्यक्ति को समझने की भूल नहीं करें... यह टीम है, रेजिमेंट है, फौज़ है... !
मुस्लिम हर उस चीज़ से नफरत करते हैं जो इनके विस्तारवादी इस्लाम की राह में बाधा बनती है,इसलिए ये अमेरिका, इजराइल और भारत में आरएसएस से नफरत करते है !
यँहा भारत में ये लोग मोदी का तब तक विरोध करते रहेंगे जब तक की मोदी से भी बड़ा कोई व्यक्ति न आ जाये जो इनके लक्ष्य में बाधा न बन जाये।
ठीक इसी प्रकार इन्होंने कांग्रेस का दमन तभी तक थामा जब तक की वह इनके लिए अधिक फायदेमन्द थी , जब इन्हें अन्य दल इनके लक्ष्य के लिए फायदेमन्द लगे तो इन्होंने उनका दमन थामा । यह परिपाटी इनके लक्ष्य मिलने तक जारी रहेगी।


বিজেপি মুসলিম বিরোধী নয়, কিন্তু সমস্ত দেশদ্রোহী ও সন্ত্রাসবাদী দের বিরোধী তা সে যেই ধর্মের ই হোক না কেন!
Shilpi Tiwari Tipu Sultan rules in Karnataka. These ISIS clone-flags underscore the
Mohammedan underbelly of Sickular Siddhu govt.

