

अभी "राहुल भक्त वामपंथी कन्हैया कुमार" का एक का भाषण देखा जिसमें वह इस चीज को जस्टिफाई कर रहा था कि भारत के मुस्लिम आतंकी क्यों बन रहे हैं .....कन्हैया कुमार दिग्विजय सिंह सहित सभी कांग्रेसी, आम आदमी पार्टी वाले वामपंथियों का यही कहना है चूँकि मोदी सरकार देश में मुसलमानों के साथ भेदभाव कर रही है क्योंकि देश में आरएसएस मजबूत हो रहा है इसलिए इस बात से डरकर मुस्लिम आईएस में शामिल हो रहे हैं और मुस्लिम आतंकवादी बन रहे हैं ....लेकिन इनसे कोई पत्रकार यह पूछने की हिम्मत नहीं करता कि भैया सीरिया अफगानिस्तान इथोपिया सऊदी अरब यमन फिलीपींस लेबनान जाार्डन सूडान अल्जीरिया आदि 50 से ज्यादा मुस्लिम देशों में मुस्लिम आतंकवादी बन रहे हैं ? वहां तो मोदी का खौफ नहीं है ? वहां तो संघ नहीं है ? वहां तो विश्व हिंदू परिषद नहीं है ?
असल में आतंकवाद इस्लाम के मूल स्वरुप में ही है पैगंबर का यह सपना था कि इस्लाम ही विश्व का एकमात्र धर्म हो और दूसरे सभी धर्मों के मानने वाले काफिर है और काफिरों का सर कलम करना कोई बुराई नहीं है इसी मूलभूत विश्वास की वजह से ही मुस्लिम आतंकवादी बनते हैं और बनते रहेंगे ।। यह अलग बात है कि भारत के कुछ सेकुलर सूअर कांग्रेसी कुत्ते और सुतिये आपिये मन बहलाने के लिए कभी संघ कभी मोदी कभी विश्व हिंदू परिषद का नाम लेकर पब्लिक को मूर्ख बनाते रहते हैं ।। मुस्लिम ना गरीबी से आतंकवादी बनता है न मोदी के डर से आतंकवादी बनता है ना अशिक्षा की वजह से आतंकवादी बनता है ...बल्कि मुस्लिम के खून में ही आतंकवाद शामिल हो जाता है जब वह यह पढ़ता है कि विश्व में इस्लाम का ही राज स्थापित होना चाहिए और दूसरे धर्मों के मानने वाले काफिर है ।


लेबनान सीरिया सऊदी अरब यमन अफगानिस्तान आदि देशों में ना गरीबी थी ना अशिक्षा थी न ही संघ है न मोदी थे फिर भी वहां आतंकवाद अपने चरम सीमा तक फैला और उन देशो को बर्बाद कर दिया । 9 -11 का मुख्य पायलट मोहम्मद अट्टा बर्लिन यूनिवर्सिटी में केमिस्ट्री से पीएचडी था । ओसामा बिन लादेन सिविल इंजीनियर था और अरबपति व्यापारी था । अमायन अल जवाहिरी मास्टर ऑफ सर्जरी करके इजिप्ट का जाना माना सर्जन है भटकल बंधु भी कंप्यूटर साइंस में मास्टर्स डिग्री रखते हैं ऐसे हजारों आतंकवादी हैं जिन्होंने उच्च शिक्षा ले कर भी और अच्छी सैलरी की नौकरी के बाद ही आतंक का रास्ता चुना क्योंकि उन्हें इस्लाम के मूल स्वरूप यानी कि पूरे विश्व में सिर्फ इस्लाम का राज हो इसी सोच ने आतंकी बनने पर मजबूर किया ...... रमेश चन्द्रा
