सिद्धू भूल गए जब 6000 से अधिक सिखों को कांग्रेसियों ने मरवा दिए , फिर भी कांग्रेस के तलवे चाट रहे !!
सन 1984 में कांग्रेस के जिहादी कार्यकर्ताओं ने दिल्ली और देश के कई बड़े हिस्सों में सिख समुदाय का कत्लेआम किया था. सिख महिलाओं का बुरी तरह से बलात्कार किया गया था. इतना ही नहीं राजीव गांधी ने सही भी ठहराया था।
एक मुसलमान है जो बीजेपी को कभी वोट नहीं देते, जबकि सच्चाई ये है की, किसी भी अन्य राज्यों के मुकाबले मुसलमान बीजेपी शासित प्रदेशों में अधिक अमीर है, उदाहरण के तौर पर गुजराती मुस्लिम पश्चिम बंगाल के मुस्लिमो से कहीं आधी समृद्ध है मुसलमान किसी भी कीमत पर बीजेपी को वोट नहीं देते, मुसलमान तो विकास के लिए देश की प्रगति के लिए भी वोट नहीं देते, मुसलमान झुण्ड बनाकर एकजुट होकर केवल इसलिए वोट देते है की बीजेपी न आ सके iपर सिख 1984 के बाद भी लगातार कांग्रेस को वोट देते है, यहाँ तक की नवजोत सिंह सिद्धू जैसे सिख बीजेपी को छोड़कर कांग्रेस में जाते है, जबकि आरएसएस ने 1984 में देश के कई हिस्सों में कांग्रेसी जिहादियों से सिखों का बचाव किया था फिर भी अमरिंदर सिंह, नवजोत सिंह सिद्धू जैसे सिख, कांग्रेस के तलवे चाटते है, कदाचित इसलिए आजतक सिखों को 1984 में न्याय नहीं मिल सका, और शायद कभी मिले भी न।